प्रांत संगठन मंत्री श्री रामजी राजवाड़े ने कहा कि सक्षम का मूल उद्देश्य समाज के अंतिम व्यक्ति तक सेवा, संस्कार और सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना को पहुंचाना है।

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि जिला बलौदाबाजार के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO) तथा उपाध्यक्ष राजेश अवस्थी , रायपुर से डॉ.नम्रता सिरमौर,छत्तीसगढ़ सक्षम के प्रदेश संगठन मंत्री रामजी राजवाड़े थे। मुख्यातिथि ने अपने उद्बोधन में कहा कि स्वास्थ्य के क्षेत्र में सक्षम और एम.आर.एम. हॉस्पिटल के इस जमीनी प्रयास की सराहना करते हुए कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में ऐसे विशेषज्ञ शिविरों का आयोजन स्वास्थ्य चेतना जगाने में मील का पत्थर साबित होता है। सक्षम एवं क्षेत्र के प्रतिष्ठित 'एम.आर.एम. मल्टीस्पेशलिटी हॉस्पिटल, खरोरा' के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित दो दिवसीय निःशुल्क मेगा चिकित्सा शिविर का आयोजन किया गया जिसमें सैकड़ों ग्रामीणों व जरूरतमंद मरीजों ने इस शिविर में पहुंचकर आधुनिक चिकित्सा सुविधाओं और विशेषज्ञ डॉक्टरों के परामर्श का लाभ उठाया। शिविर की खास बात यह रही कि इसमें मरीजों की न केवल बारीक जांच की गई, बल्कि डॉक्टरों के पर्चे के आधार पर उन्हें उच्च गुणवत्ता वाली दवाइयों का निःशुल्क वितरण भी किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रख्यात प्रसूति एवं स्त्री रोग विशेषज्ञ तथा सक्षम की रायपुर जिला अध्यक्ष डॉ. नम्रता सिरमौर ने की। उन्होंने ग्रामीण महिलाओं में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता की आवश्यकता पर विशेष बल दिया। वहीं, मुख्य वक्ता के रूप में उपस्थित सक्षम के प्रांत संगठन मंत्री श्री रामजी राजवाड़े ने अपने ओजस्वी विचारों से उपस्थित जनसमुदाय को प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि सक्षम का मूल उद्देश्य समाज के अंतिम व्यक्ति तक सेवा, संस्कार और सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना को पहुंचाना है। एक ही छत के नीचे मिलीं मल्टीस्पेशलिटी चिकित्सा सेवाएं शिविर में राजधानी रायपुर और स्थानीय स्तर के विभिन्न विधाओं के ख्यातिलब्ध विशेषज्ञ चिकित्सकों ने अपनी सेवाएं दीं। दो दिनों तक चले इस शिविर में निम्नलिखित विभागों के माध्यम से मरीजों का परीक्षण किया गया: मातृत्व एवं शिशु स्वास्थ्य: प्रसूति एवं स्त्री रोग, जटिल प्रसव परामर्श तथा निःसंतानता निवारण। अस्थि रोग विभाग: हड्डी, जोड़, रीढ़ की हड्डी के दर्द एवं वात रोगों की आधुनिक जांच। मेडिसिन एवं सामान्य रोग: ब्लड प्रेशर, डायबिटीज, मौसमी बीमारियों और पेट जनित रोगों का उपचार। नेत्र एवं दंत चिकित्सा: मोतियाबिंद, दृष्टि दोष की जांच सहित ओरल हेल्थ और दांतों का उपचार। वैकल्पिक चिकित्सा पद्धतियां: आयुष के तहत होम्योपैथी एवं आयुर्वेदिक चिकित्सा पद्धतियों से पुराने रोगों का निदान। विशेषज्ञ जांच: नाक, कान, गला (ENT) से संबंधित विकार एवं अत्याधुनिक मशीनों द्वारा बहरापन की निःशुल्क जांच। शिविर में गंभीर रूप से अस्वस्थ पाए गए मरीजों को आगे के उपचार के लिए उचित मार्गदर्शन और विशेष छूट संबंधी परामर्श भी प्रदान किया गया।

1 / 1

1.